पूर्वोत्तर राज्य

कांग्रेस इस बात को दोहराती है कि पूर्वोत्तर राज्य भारत का अनूठा और अमूल्य हिस्सा है, जो हमारे देश को समृद्ध संस्कृति, भाषाएं, परंपराएं, रीति-रिवाज और जैव-विविधता प्रदान करते हैं। हम पूर्वोत्तर राज्यों और यहां के लोगों के हितों की रक्षा और सुरक्षा के लिये तथा क्षेत्र के तेज आर्थिक विकास को सुनिश्चित करने के लिये पूरी तरह प्रतिबद्ध हैं।

  1. कांग्रेस वादा करती है कि पूर्वोत्तर राज्यों के विशेष दर्जे को बहाल किया जायेगा।
  2. कांग्रेस पूर्वोत्तर राज्यों के लिये औद्योगिक नीति का वादा करती है।
  3. पूर्वोत्तर राज्यों के लोगों की इच्छा के खिलाफ भाजपा सरकार द्वारा पेश नागरिकता संशोधन विधेयक को हम तुरंत वापस करेंगे।
  4. हम यह सुनिश्चित करेंगे कि भारत का कोई भी वैध नागरिक राष्ट्रीय नागरिक रजिस्टर में शामिल होने से न छूटे।
  5. हम पूर्वोत्तर राज्यों में अवैध घुसपैठ के मुद्दे पर पूर्वोत्तर राज्यों के साथ व्यापक बातचीत के जरिये, हल करेंगे और स्थानीय समूदायों की पहचान बरकरार रखने के लिए विधायी उपायों पर आम सहमति बनायी जायेगी। हम भारत में अवैध घुसपैठ के मुद्दे को हल करने के लिये चर्चा में, पड़ोसी देशों, बांग्लादेश और म्यांमार को भी शामिल करेंगे।
  6. कांग्रेस बांग्लादेश, म्यांमार और चीन से लगी हुई पूर्वोत्तर राज्यों की सीमाओं की सुरक्षा को मजबूत करेगी, सीमाओं से जुड़े किसी भी मसले को हल करने के लिये पड़ोसी देशों के साथ बातचीत की जायेगी और सीमाओं को ‘प्रगति और समृद्धि की सीमाएं’ बनाया जायेगा।
  7. हम लंबित पड़े अंतर-राज्यीय मुद्दों सहित पूर्वोत्तर में सीमा से जुड़े सभी मसलों का बातचीत या मध्यस्थता के जरिये समाधान करेंगे।
  8. पूर्वोत्तर राज्यों की अर्थव्यवस्था के लिए, सीमापार से व्यापार के महत्व को कम नहीं आंका जा सकता है। पूर्वोत्तर राज्यों में नियमित आयात-निर्यात व्यापार से पर्याप्त नौकरियों सहित, भारी आर्थिक अवसर भी पैदा होंगे। हम पूर्व के सभी पडोसी देशों के साथ, खास तौर पर सीमा व्यापार को बढ़ाने के लिए, स्पष्ट और नवीन उपाय करके व्यापार बढायेंगे।
  9. कांग्रेस पूर्वोत्तर परिषद् को मजबूत करेगी और परिषद् के मूल उद्देश्य को विस्तार और मजबूत बनाने के लिये ठोस कदम उठाएगी।
  10. हम उन सभी नीतियों और विशेष कार्यक्रमों की व्यापक समीक्षा करेंगे, जिनका पूर्वोत्तर राज्यों में कार्यान्वयन हो रहा है और जहां भी जरुरी होगा इसमें संशोधन करेंगे।
  11. कांग्रेस, पूर्वोत्तर राज्यों के बुनियादी ढांचे और सामाजिक क्षेत्र के विकास, विशेष रूप से रेलवे, सड़क, संचार, कनेक्टिविटी और पर्यटन के लिये, बजट आवंटन में महत्त्वपूर्ण वृद्धि करने का वादा करती है। हम शिक्षा और स्वास्थ्य सुविधाओं में बेहतरी के अंतर को दूर करने के लिये पर्याप्त धन देंगे।
  12. पूर्वोत्तर राज्यों की समृद्ध, जैव-विविधता और प्राकृतिक संसाधनों का फायदा उठाकर, हम स्थायी कृषि, बागवानी और जैविक खेती में, रोजगार के अवसर पैदा करेंगे।
  13. हम ब्रह्मपुत्र के पानी का दोहन करने और बाढ़ तथा मिट्टी के कटाव की समस्याओं का स्थायी समाधान खोजने के लिए आधुनिक तकनीक का इस्तेमाल करेंगे। हम पूर्वोत्तर इलाके में मल्टी-मॉडल परिवहन प्रणाली बनाने के लिये शक्तिशाली-सदा नीरा ब्रह्मपुत्र द्वारा प्रदान किये गये अवसरों का लाभ लेने के लिए विशेष प्रयोजन करेंगे।
  14. कांग्रेस पूर्वोत्तर राज्यों की स्वायत्त जिला परिषदों के महत्त्व को स्वीकार करती है और इन परिषदों की वित्तीय सहायता बढ़ाने का वादा करती है।
  15. हम यह सुनिश्चित करेंगे कि चाय बागान श्रमिकों को मजदूरी का भुगतान मिले और उन्हें द्विपक्षीय समझौतों के अनुसार तय और कानूनन मिलने वाले अन्य लाभ दिये जाएं।
  • काम

    रोजगार और विकास

  • दाम

    सबके हितार्थ अर्थव्यवस्था

  • शान

    हमारी दूरदर्शिता और ढृढ़शक्ति पर गर्व

  • सम्मान

    सभी के लिये सम्मानजनक जीवन

  • सुशासन

    स्वतंत्र और जवाबदेह संस्थानों की मदद से

  • स्वाभिमान

    वंचितों का आत्मसम्मान